Logo
Breaking News Exclusive
विश्व पर्यावरण दिवस पर नगर पंचायत सरगांव में पौधारोपण एक पेड़ माँ के नाम, एक पेड़ धरती के नाम का दिया गया संदेश किसानों को समय पर मिल रहा उर्वरक, प्रशासन की सतत निगरानी से व्यवस्था मजबूत ग्राम पंचायतों में जनभागीदारी के साथ आयोजित हुई विविध गतिविधियां प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के क्रियान्वयन हेतु प्रशिक्षण सह कार्यशाला आयोजित कृषि विभाग की कार्रवाई, 1372 बोरी खाद जब्त रेत के अवैध उत्खनन एवं परिवहन पर की गई कार्रवाई, 11 वाहन जब्त विश्व पर्यावरण दिवस: कलेक्टर श्री जन्मेजय महोबे सहित जनप्रतिनिधियों ने किया ग्राम झर्राडीह में वृक्षारोपण 3 करोड़ लखपति दीदी का लक्ष्य हासिल; 6 करोड़ लखपति दीदी बनाने के संकल्प को मिशन मोड में पूरा करने पर जोर: श्री शिवराज सिं सांस्कृतिक समागम के नाम पर संस्कृति से खिलवाड़! पर्यावरण संरक्षण के लिए किया गया आज का प्रयास बनेगा सुखमय भविष्य की कुंजी महात्मा गांधी नरेगा योजना से पर्यावरण संरक्षण विश्व पर्यावरण दिवस पर नगर पंचायत सरगांव में पौधारोपण एक पेड़ माँ के नाम, एक पेड़ धरती के नाम का दिया गया संदेश किसानों को समय पर मिल रहा उर्वरक, प्रशासन की सतत निगरानी से व्यवस्था मजबूत ग्राम पंचायतों में जनभागीदारी के साथ आयोजित हुई विविध गतिविधियां प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के क्रियान्वयन हेतु प्रशिक्षण सह कार्यशाला आयोजित कृषि विभाग की कार्रवाई, 1372 बोरी खाद जब्त रेत के अवैध उत्खनन एवं परिवहन पर की गई कार्रवाई, 11 वाहन जब्त विश्व पर्यावरण दिवस: कलेक्टर श्री जन्मेजय महोबे सहित जनप्रतिनिधियों ने किया ग्राम झर्राडीह में वृक्षारोपण 3 करोड़ लखपति दीदी का लक्ष्य हासिल; 6 करोड़ लखपति दीदी बनाने के संकल्प को मिशन मोड में पूरा करने पर जोर: श्री शिवराज सिं सांस्कृतिक समागम के नाम पर संस्कृति से खिलवाड़! पर्यावरण संरक्षण के लिए किया गया आज का प्रयास बनेगा सुखमय भविष्य की कुंजी महात्मा गांधी नरेगा योजना से पर्यावरण संरक्षण

सूचना

लोक सेवक मिरर में आपका स्वागत है क्षेत्रिय खबरों के प्रकाशन, समाचार विज्ञापन एवं सवांददाता बनने हेतु संपर्क करें | 👉प्रधान सम्पादक एडिटर - दिगवेन्द्र कुमार गुप्ता
लोक सेवक मिरर अखबार में जो दिखेगा वही छपेगा
लोक सेवक मिरर में आपका स्वागत है क्षेत्रिय खबरों के प्रकाशन, समाचार विज्ञापन एवं सवांददाता बनने हेतु संपर्क करें | 👉प्रधान सम्पादक एडिटर - दिगवेन्द्र कुमार गुप्ता
लोक सेवक मिरर अखबार में जो दिखेगा वही छपेगा

कवर्धा बोड़ला-छात्र नेता दुर्गेश जायसवाल, अध्यक्ष NSUI ब : छत्तीसगढ़ में सरकारी स्कूलों की फीस बढ़ाने का निर्णय प्रदेश की भाजपा सरकार की जनविरोधी मानसिकता को दर्शाता है। जहां एक ओ

Share:

छत्तीसगढ़ में सरकारी स्कूलों की फीस बढ़ाने का निर्णय प्रदेश की भाजपा सरकार की जनविरोधी मानसिकता को दर्शाता है। जहां एक ओर सरकार शिक्षा को बढ़ावा देने, “सब पढ़ें – सब बढ़ें” जैसे बड़े-बड़े दावे करती है, वहीं दूसरी ओर गरीब, किसान, मजदूर एवं मध्यम वर्गीय परिवारों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डालने का काम कर रही है। सरकारी स्कूल उन परिवारों के बच्चों के लिए शिक्षा का सबसे बड़ा माध्यम हैं, जो निजी स्कूलों की महंगी फीस वहन करने में सक्षम नहीं हैं। ऐसे समय में फीस वृद्धि का फैसला बेहद दुर्भाग्यपूर्ण, निंदनीय एवं छात्र हितों के खिलाफ है।

छात्र नेता दुर्गेश जायसवाल, अध्यक्ष NSUI बोड़ला ब्लॉक ने कहा कि आज आवश्यकता शिक्षा के स्तर में सुधार करने की है, न कि विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों पर फीस का बोझ बढ़ाने की। प्रदेश के कई सरकारी स्कूलों की स्थिति आज भी बेहद खराब है। कहीं शिक्षकों की कमी है, तो कहीं भवन जर्जर अवस्था में हैं। कई स्कूलों में बच्चों के बैठने तक की समुचित व्यवस्था नहीं है। प्रयोगशालाएं, पुस्तकालय, खेल सामग्री और मूलभूत सुविधाओं का अभाव आज भी देखने को मिलता है।

उन्होंने कहा कि शिक्षा विभाग की स्थिति लगातार कमजोर होती जा रही है। बच्चों की गुणवत्तापूर्ण पढ़ाई के लिए सरकार के पास कोई ठोस व्यवस्था दिखाई नहीं दे रही है। हजारों सरकारी स्कूल आज बंद पड़े हैं, जिससे ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों के बच्चों का भविष्य अंधकारमय होता जा रहा है। जिन बच्चों को बेहतर शिक्षा और सुविधाएं मिलनी चाहिए, वे आज अव्यवस्था और लापरवाही का शिकार हो रहे हैं।

दुर्गेश जायसवाल ने कहा कि सरकार को फीस बढ़ाने के बजाय सरकारी स्कूलों को बेहतर बनाने की दिशा में कार्य करना चाहिए। स्कूलों में योग्य शिक्षकों की नियुक्ति, आधुनिक शिक्षा व्यवस्था, डिजिटल सुविधाएं, पुस्तकालय, स्वच्छ पेयजल, शौचालय और विद्यार्थियों के लिए बेहतर वातावरण उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है। यदि सरकार वास्तव में शिक्षा को बढ़ावा देना चाहती है, तो उसे गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों के हितों को ध्यान में रखते हुए फीस वृद्धि के फैसले को तुरंत वापस लेना चाहिए।

उन्होंने कहा कि NSUI सदैव छात्र-छात्राओं के अधिकारों की लड़ाई लड़ती रही है और आगे भी छात्रों के हित में हर संघर्ष के लिए तैयार रहेगी। शिक्षा किसी भी बच्चे का अधिकार है, इसे बोझ नहीं बनाया जाना चाहिए। प्रदेश के विद्यार्थियों के भविष्य के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

जरूरी खबरें

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement